नई दिल्ली,नोएडा के कमिश्नर आलोक सिंह का ऑपरेशन धरपकड़ जारी है. ऑपरेशन धरपकड़ में नोएडा और गाजियाबाद के अलावा राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की पुलिस भी शामिल हुई. ऑपरेशन में पुलिस अब तक दो दर्जन से ज्यादा बदमाशों को पकड़ चुकी है. 

नोएडा पुलिस कमिश्नर की टीम ने गाजियाबाद के खोड़ा से बदमाशों को पकड़ा है. नोएडा पुलिस ने 100 से ज्यादा मकानों में मारा छापा था. एसीपी रजनीश वर्मा छापेमारी में नोडल अधिकारी रहे हैं.

दिल्लीः नाले के पास से मिली लाश

आउटर दिल्ली के रनहोला इलाके में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) निगम पार्षद की ऑफिस के सामने के नाले से एक युवती का शव मिला है. युवती की उम्र लगभग 28 साल बताई जा रही है. मृतक युवती के पास से मोबाइल फोन और कान में लगा हेडफोन बरामद हुआ है.

हालांकि मृतक युवती की शिनाख्त नहीं हो सकी है. फिलहाल पुलिस मामला दर्ज कर मृतक युवती की शिनाख्त करने में जुट गई है. आउटर दिल्ली के रनहोला इलाके में उस वक्त सनसनी फैल गई जब एक युवती का शव स्थानीय निगम पार्षद के ऑफिस के सामने से जा रहे नजफगढ़ नाले में तैरता हुआ मिला. जिसके बाद स्थानीय लोगों ने मामले की सूचना पुलिस को दी.

मौके पर पहुंची रनहोला थाना पुलिस ने मृतक युवती के शव को नाले से बाहर निकलवाया और फॉरेंसिक जांच के बाद शव को सरकारी हॉस्पिटल की मोर्चरी में भिजवा दिया. जानकारी के मुताबिक युवती की उम्र लगभग 28 साल थी.


मृतक युवती ने सूट और सलवार पहना हुआ था. जहां पुलिस को शव के पास से एक एंड्रॉयड मोबाइल फोन और उसके कानों में लगा हुआ हेडफोन मिला है. नाले के किनारे से युवती की एक चुनरी भी पुलिस को मिली है. हालांकि अभी तक मृतक युवती की शिनाख्त नहीं हो सकी है, लेकिन पुलिस युवती के पास मिले फोन के जरिए युवती के बारे में पता लगाने की कोशिश कर रही है. हालांकि जिस स्थिति में युवती का शव मिला है उससे पुलिस मामले को कई पहलुओं से खंगाल रही है.

गाजियाबादः डकैती की वारदात से खौफ में पूरा परिवार
गाजियाबाद के कविनगर थाना क्षेत्र के अवंतिका में बीती 23 तारीख को सुबह तड़के हुई डकैती की सनसनीखेज घटना के बाद से पीड़ित परिवार बेहद खौफजदा है. वहीं घटना को लेकर इलाके के लोगों में भारी नाराजगी है. आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के लेकर परिवार और इलाके के लोगों सुरक्षा की मांग को लेकर अखिल भारतीय अग्रवाल संगठन ने धरना और गाजियाबाद प्रशासन को ज्ञापन दिया है.

धरना दे रहे वैश्य समाज ने नाराजगी जताई है और प्रशासन से अपील की है कि या तो उनके समाज के लोगों की सुरक्षा की जाए या उन्हें गाजियाबाद से पलायन की लिखित अनुमति दी जाए. दूसरी ओर, डकैती की घटना से पीड़ित परिवार इतना ज्यादा खौफजदा है और खुद को घर के अंदर ही कैद कर रहा था. घटना के तीन दिन बीत जाने और इलाके के लोगों के समर्थन के बाद पीड़ित परिवार आज मीडिया के कैमरे के सामने आया और आरोपियों को गिरफ्तार किए जाने की मांग की.