ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि  कांग्रेस के नेताओं को आप लोग बाहर से जानते थे, लेकिन मैंने उतना ही भीतर से उन्हें जाना है। वहां कांग्रेस सरकार ऐसी चल रही थी कि किसी न किसी को बैठा दिया जाता था और चाबी किसी और के हाथ में रहती थी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार में भ्रष्टाचार का बोलबाला था। जनता के सेवा से उन्हें कोई मतलब नहीं था। हमारे 22 विधायकों ने भ्रष्टाचार को रोकने के लिए त्याग किया। उन्होंने कहा कि जनता के लिए मन में सेवा की भावना होना चाहिए यह सेवाभाव दिखावे से नहीं अंर्तआत्मा में होता है। यह सेवाभाव भाषण से नहीं, जमीन पर काम करने से होता है। लेकिन कांग्रेस की सरकार में यह सेवा की भावना नहीं थी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लगातार आरोप लगा रही है, लेकिन उनके आरोपों का हम जवाब देंगे। 90 दिन पूरे हो चुके है अब संग्राम का समय है। उन्होंने कहा कि मैं पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए तलवार भी बनूंगा और ढाल भी बनूंगा, क्योंकि सिंधिया परिवार ने हमेशा सत्य का साथ दिया है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि श्री नरेन्द्र मोदी प्रधानमंत्री नहीं बल्कि प्रधान सेवक के रूप में काम कर रहे हैं। हमारे मंत्रिगण भी सेवकों की टीम है। अब जश्न का समय नहीं हमें 15 महीनों में जनता के साथ जो अन्याय हुआ है उन्हें न्याय देने का काम करना है।