मुख्यमंत्री श्री कमल नाथ ने कहा है कि प्रदेश में कौशल विकास कार्यक्रम को नया स्वरूप दिया जा रहा है जिसका आधार संख्या नहीं रोजगार होगा। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षित युवाओं को रोजगार मिलना सुनिश्चित हो यह हमारी कौशल विकास नीति होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम प्रदेश के नागरिकों और भावी पीढ़ी को स्वस्थ बनाने के लिए मिलावट मुक्त प्रदेश बनाने का अभियान चला रहे है। श्री नाथ ने यह भी कहा पिछले 8 माह में निवेशकों का मध्यप्रदेश पर विश्वास लौटा है। इसका लाभ निश्चित ही प्रदेश को मिलेगा। मुख्यमंत्री आज नूर-उस-सबा में मध्यप्रदेश शासन के सहयोग से एक निजी चैनल द्वारा सुशिक्षा पर आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे।

मुख्यमंत्री श्री कमल नाथ ने कहा कि आज से 13 साल पहले मैंने स्किल छिंदवाड़ा पर काम शुरू किया था। इस मॉडल को मैं पूरे प्रदेश में लागू करने का प्रयास कर रहा हूँ। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे कौशल विकास की नीति इस प्रकार होगी जिसमें हर युवा को उसकी पात्रता के अनुसार रोजगार मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी नीति में सातवीं कक्षा पास बच्चे के लिए भी रोजगार की व्यवस्था होगी और बी.ई. करने वाले युवा के लिए भी रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। मुख्यमंत्री श्री कमल नाथ ने प्रदेश की शिक्षा के स्तर पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार का लक्ष्य होगा कि हम अपने प्रदेश के युवाओं को बेहतर शिक्षा दें ताकि उनके बेहतर भविष्य का निर्माण हो सके। उन्होंने कहा कि हम कृषि के क्षेत्र में उन्नति की एक ऐसी क्रांति लाएँगे जिससे हमारा किसान समृद्ध हो सकेगा और उसका जीवन बेहतर होगा। 

निवेशकों का प्रदेश पर विश्वास लौटा है

मुख्यमंत्री श्री कमल नाथ ने कहा कि कोई भी निवेश डिमाण्ड पर नहीं विश्वास पर आता है। उन्होंने कहा कि पिछले आठ माह में हमने निवेशकों का नेतृत्व, प्रशासन और पूरी व्यवस्था पर विश्वास अर्जित किया है। उन्होंने कहा कि हाल ही में मुंबई यात्रा के दौरान उद्योगपतियों से सिर्फ इस विषय पर बात की कि निवेश के लिए बेहतर वातावरण बनाने के लिए क्या कदम उठाए जाएँ और कैसी नीति बनाई जाए। उन्होंने कहा कि हम प्रदेश में सेक्टर वाइज नीति बनाएँगे जिससे अधिक से अधिक निवेश प्रदेश में आ सके। हमारी नीति का मुख्य आधार होगा रोजगार। जो उद्योग जितना अधिक रोजगार देगा सरकार उसे उतनी अधिक सुविधा उपलब्ध करवाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के युवाओं को रोजगार देने के लिए हमने कानून बनाया है कि प्रदेश में किसी भी उद्योग के स्थापित होने पर 70 प्रतिशत स्थानीय लोगों को रोजगार देना अनिवार्य होगा।

मिलावट मुक्त प्रदेश बनाएँगे

मुख्यमंत्री श्री कमल नाथ ने कहा कि प्रदेश का हर नागरिक स्वस्थ रहे, बीमारी मुक्त रहे, इसके लिए हम प्रदेश को मिलावट मुक्त प्रदेश बनाएँगे। श्री नाथ ने कहा कि यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि एक्सपाईरी डेट की वस्तुएँ मार्केट में उपलब्ध न रहें।

मुख्यमंत्री ने प्रदेश के युवा वर्ग से अपील की है कि भले ही वे शिक्षित हों फिर भी अपने ज्ञान की भूख को हमेशा जागृत रखें। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा सीमित है लेकिन ज्ञान असीमित है जो जीवन पर्यन्त हमें प्राप्त होता रहता है।