आर्टिफिशयल इंटेलिजेंस (एआई) अब आपकी आवाज सुनकर बता सकता है कि आप डिप्रेशन में हैं या नहीं। यह तकनीक अवसादग्रस्त लोगों की पहचान उनकी आवाज से करेगी। कुछ दिन पहले आई वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन की एक रिपोर्ट के मुताबिक अवसादग्रस्त देशों में भारत छठवें स्थान पर है। भारत में 5.6 करोड़ लोग अवसाद से पीड़ित हैं, वहीं 3.8 करोड़ लोग चिड़चिड़ेपन और घबराहट जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं। 

इस तकनीक को तैयार करने वाले मशरुरा तनसिम और प्रोफेसर ऐलिनी स्ट्रॉयुलिया के मुताबिक अवसाद का पता लगाने के लिए मोबाइल एप का इस्तेमाल किया जाएगा। एप से डाटा उस वक्त लिया जाएगा जब इंसान सामान्य बातें कर रहा होगा। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन के मुताबिक दुनियाभर में सबसे ज्यादा लोग डिप्रेशन की वजह से ही आत्महत्या कर रहे हैं। ऐसे में एआई आधारित यह तकनीक इंसानियत के लिये मददगार साबित होगी।