नई दिल्ली । दिल्ली के विकास के लिए विस्तार से प्लानिंग करनी होगी और इसके लिए एक ऐसी सरकार चाहिए जो केंद्र के साथ मिलकर चल सके। दिल्ली बीजेपी के पूर्व अध्यक्ष विजय गोयल शनिवार को पीरागढ़ी के पार्क में सीनियर सिटिजंस को संबोधित करते हुए कहा कि 6 महीने बाद दिल्ली में बदलाव की नई बयार बहने वाली है। इसलिए केजरीवाल दिल्ली छोड़कर अन्ना के शरण में जाएं। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार कह रही है कि केंद्र के आयुष्मान भारत से बेहतर योजना दिल्ली में लागू है। अगर उस योजना के साथ ही आयुष्मान योजना भी यहां लागू कर दिया जाए, तो दो-दो योजनाओं का लाभ दिल्ली वालों को मिलेगा। इसमें दिल्ली सरकार को क्या तकलीफ है? लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार का केंद्र सरकार से तालमेल न होने के कारण यहां के लोगों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसलिए जरूरी है कि केंद्र और दिल्ली सरकार में बेहतर तालमेल हो।
क्या है पूरा मामला?
आयुष्मान भारत को लेकर केंद्र और दिल्ली सरकार में लेटर वॉर छिड़ा हुआ है। पहले केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन ने 3 जून को खत लिखकर अरविंद केजरीवाल से इसे लागू करने को कहा। जवाबी खत में केजरीवाल ने अपनी सरकार की योजना को बेहतर बताते हुए आयुष्मान भारत को लागू करने से मना किया। अब एक बार फिर से हर्षवर्धन ने केजरीवाल को खत लिखकर राज्य सरकार की स्कीम को लेकर किए उनके दावों को खारिज किया है। ताजा खत में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने दिल्ली के सीएम केजरीवाल को दिल्ली के लोगों की भलाई के लिए आयुष्मान भारत योजना को लागू करने को कहा है।
आप का जवाब
आयुष्मान भारत योजना के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन के दिल्ली सरकार को पत्र लिखने के बाद आम आदमी पार्टी ने प्रतिक्रिया दी है। पार्टी ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री को दिल्ली में चल रहे मोहल्ला क्लीनिक को लेकर कई गलत अवधारणाएं हैं। इसीलिए वे कुछ समय निकाल कर मोहल्ला क्लीनिक देखें। पार्टी का कहना है कि यहां पर दिल्ली के सभी नागरिकों का विश्वस्तरीय इलाज होता है। पिछले एक साल के दौरान मोहल्ला क्लीनिक में 50 लाख से अधिक लोग इलाज करा चुके हैं।