नई दिल्ली । अनानास सेहत के लिए बेहद फायदेमंद होते है। खासकर गर्मियों में। गर्मियों के दिनों में अनानास जरूर खाना चाहिए, साथ ही अनानास का जूस पीना भी फायदेमंद माना गया हैं। अनानास में काफी मात्रा में विटामिन सी होता है, जिससे स्किन हेल्दी होती है और चेहरे में होने वाले पिंपल्स से छुटकारा मिलता है। अनानास को खाने से स्किन लम्बी उम्र तक जवान बनी रहती है। इसमें मौजूद ब्रोमेलैन और एंटी-इन्फ्लेमेंट्री एंजाइम, विटामिन सी की क्षमता को बढ़ा देते हैं, जिससे चेहरे पर होने वाले कील-मुहांसे दूर हो जाते हैं। अनानास में मौजूद ब्रोमेलैन एंजाइम होता पाचन क्रिया को सही बनाये रखता हैं। वहीं इसमें फाइबर भी काफी मात्रा में होता है, जो डाइजेशन सिस्टम को दुरुस्त रखते है। अनानास के एंटी-इन्फ्लेमेंट्री गुण चोट लगने से होने वाली सूजन और आर्थराइटिस की सूजन को कम करने के साथ हड्डियों को मजबूत बनाने में भी बेहद उपयोगी होते हैं। इसके सेवन से न सिर्फ सूजन कम होती है, बल्कि दर्द में भी आराम मिलता है। अनानास में मौजूद कैल्शियम और मैंगनीज हड्डियों को मजबूत बनाने का काम करते हैं। बता दें अनानास में भरपूर मात्रा में मैंगनीज होता है। सिर्फ एक कप अनानस के रस में 73 फीसदी मैंगनीज होता हैं, जो एक दिन की जरूरत के हिसाब से काफी होता है। अनानास विटामिन सी और ब्रोमेलाइन का भी बेहद अच्छा स्त्रोत है। विटामिन सी और ब्रोमेलाइन  से इन्फेक्शन फैलाने वाले वायरस से लड़ने में मदद मिलती है। दवा के साथ-साथ इसे खाने से सर्दी-खांसी की समस्या से छुटकारा मिलता है। मसूडों और दांतों को स्वस्थ रखने में पाइनेपल बहुत कारगर है। इससे दांत मजबूत बनते हैं और यह गठिया रोगियों के लिए बहुत लाभदायक है। पाइनेपल को मसूड़ों में सूजन कम करने के लिए बहुत कारगर समझा जाता है।  कई बच्चे होंगे जो अनानास के फल को देखकर मुंह बनाते होंगे और जब भी उन्हें यह खाने के लिए दिया जाता होगा, वह दूर भाग जाते होंगे, या फिर कोई बहाना बनाकर इसे न खाने के तरीके निकालते रहते होंगे। लेकिन जब यही बच्चे बड़े हो जाते हैं, तब उन्हें समझ आता है कि अनानास उनके स्वास्थ्य के लिए कितना फायदेमंद है और इसे हमेशा से इग्नोर करते रहने का उन्हें कितना नुकसान हुआ है।