नई दिल्ली, वर्ल्ड कप की टीम को लेकर कई चौंकाने वाले फैसले लिये जाते रहे है और इसी क्रम में भारतीय टीम प्रबंधन तमिलनाडु के हरफनमौला विजय शंकर को आगामी टूर्नामेंट में चौथे क्रम पर आजमा सकता है. इससे पहले भी 2003 विश्व कप में भारतीय टीम ने दिग्गज वीवीएस लक्ष्मण की जगह दिनेश कार्तिक को मौका दिया था, जो स्पिन गेंदबाजी करने वाले हरफनमौला खिलाड़ी थे. भारत में 2011 में हुए विश्व कप में युवराज सिंह ने पांचवें गेंदबाज की भूमिका निभाई और टूर्नामेंट में 15 विकेट चटकाने में सफल रहे.

इंग्लैंड में 30 मई से शुरू होने वाले विश्व कप में भारतीय बल्लेबाजी क्रम में चौथे स्थान पर कौन उतरेगा यह अभी तय नहीं है. इंडियन प्रीमियर लीग के पहले तीन सप्ताह में शायद इससे पर्दा उठे. विश्व के लिए टीम की घोषणा 15 से 20 अप्रैल के बीच हो सकती है.

यह हालांकि पता चला है कि भारतीय टीम प्रबंधन शंकर की तकनीक से संतुष्ट है और इससे भी जरूरी बात यह है कि वह दबाव की स्थिति झेल सकते हैं. इस नंबर पर बल्लेबाजी के लिए शंकर को सबसे बड़ी चुनौती अंबति रायडू से मिलेगी. रायुडू का वनडे में औसत 47 से ज्यादा का है, लेकिन वह लय में नहीं हैं.
टीम से जुडे एक सूत्र ने मंगलवार को पीटीआई से कहा, ‘यह साफ है कि रायडू ने वेलिंगटन में 90 रनों की पारी खेलने के बाद उस तरह का प्रदर्शन नहीं किया, जिससे उन पर भरोसा किया जा सके. अगर वह आईपीएल में अच्छा प्रदर्शन करें, तो उनके लिए हालांकि चीजें बदल सकती हैं. लेकिन उनके बारे में आम धारणा है कि उन्होंने जो भी बड़ी पारियां खेली हैं उनमें ज्यादातर कमजोर गेंदबाजी के खिलाफ हैं.’

शंकर के साथ फायदे की बात यह कि वह कभी भी बड़ा शॉट लगा सकते हैं और कम से कम पांच ओवर गेंदबाजी भी कर सकते हैं. उन्होंने कहा, ‘शंकर को टीम में शामिल करने को लेकर दो तरह से देखा जा सकता है. फायदे की बात यह है कि वह स्ट्राइक रोटेट करने के साथ बड़ा शॉट खेलने में सक्षम हैं. वेलिंगटन में उन्होंने दिखाया कि वह स्विंग गेंदबाजी का भी अच्छे से सामना कर सकते हैं. जो बात उनके खिलाफ जाती है वह यह है कि उन्होंने सिर्फ 9 वनडे इंटरनेशनल खेले है.’

हार्दिक पंड्या टीम में सातवें क्रम पर बल्लेबाजी करेंगे और पांचवें गेदबाज का कोटा उनके साथ शंकर और केदार जाधव को पूरा करना होगा. कप्तान विराट कोहली ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे सीरीज के बाद कहा था, ‘टीम संयोजन हमने लगभग तय कर लिया है. विश्व कप के दौरान परिस्थितियों के हिसाब से एक बदलाव किया जा सकता है. इसको छोड़कर टूर्नामेंट में अपनी अंतिम एकादश को लेकर हमारी राय स्पष्ट है. केवल एक स्थान है जिस पर थोड़ी चर्चा करनी है, लेकिन एक टीम के रूप में हम बेहद संतुलित हैं.’

एक विकल्प यह भी हो सकता है कि कोहली चौथे नंबर पर खुद बल्लेबाजी करें और केएल राहुल तीसरे स्थान पर आएं, जैसा भारतीय टीम ने मोहाली वनडे में किया था.