इस्लामाबाद । पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने एक सीमेंट कंपनी को भूमिगत जल का उपयोग करने के लिए बांध कोष में 10 करोड़ रुपण् जमा करने का आदेश दिया। जानकारी के मुता‎बिक भूमिगत जल के उपयोग के कारण प्रसिद्ध कटासराज मंदिर परिसर में स्थित पवित्र तालाब सूख गया था। न्यायालय ने पिछले साल नवंबर में मीडिया की रिपोर्ट पर स्वत: संज्ञान लेते हुए इस संबंध में कार्यवाही शुरू की थी। खबरों में कहा गया था कि पंजाब के चकवाल जिले के ऐतिहासिक कटासराज मंदिर के पास स्थित सीमेंट कारखानों द्वारा भूमिगत पानी का व्यापक उपयोग हो रहा है जिससे मंदिर परिसर का पवित्र तालाब सूख रहा है। प्रधान न्यायाधीश साकिब निसार की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने तालाब को बचाने के लिए पहले ही सीमेंट कारखानों द्वारा भूमिगत पानी के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया गया था। पीठ ने शुक्रवार को अधिकारियों को पानी के टैंकरों का उपयोग कर तालाब को फिर से भरने का आदेश दिया था। पीठ ने मामले को समाप्त करते हुए डीजी खान सीमेंट कंपनी को सुप्रीम कोर्ट के बांध कोष में 10 करोड़ रुपये जमा करने का आदेश दिया। इसमें आठ करोड़ रुपए पानी के इस्तेमाल के लिए है जबकि दो करोड़ रुपए अदालत को गुमराह करने के लिए जुर्माना है।