मुंबई। महाराष्ट्र में भाजपा के वरिष्ठ नेता और धुले विधानसभा सीट से विधायक अनिल गोटे ने अपनी पार्टी पर गंभीर आरोप लगाते हुए विधानसभा से इस्तीफा देने का ऐलान किया है. भाजपा के प्रादेशिक नेतृत्व को भेजे अपने इस्तीफे में अनिल गोटे ने कहा है कि पार्टी ने धुले विधानसभा क्षेत्र के कुछ आपराधिक लोगों को संगठन में शामिल किया है. ऐसे में वह अब पार्टी और विधानसभा की सदस्यता से अपना त्यागपत्र दे रहे हैं. सूत्रों की मानें तो भाजपा कई महीनों से विधायक अनिल गोटे को साइड लाइन करती आ रही है. वहीं पार्टी ने हाल ही में जलसंपदा मंत्री गिरीश महाजन को धुले महानगरपालिका चुनाव की जिम्मेदारी सौंपी है, जबकि पूर्व में गोटे खुद उनके विरोध में रहे हैं. कहा जा रहा है कि इसी फैसले के बाद गोटे ने नाराज होकर पार्टी से इस्तीफा देने की घोषणा की है. बता दें कि अनिल गोटे महाराष्ट्र में भाजपा के वरिष्ठ नेताओं में से एक माने जाते हैं और फिलहाल वह धुले विधानसभा सीट से पार्टी के विधायक हैं. अनिल गोटे का कहना है कि बीजेपी ने उनकी असहमति के बावजूद धुले महानगरपालिका के चुनाव से पहले तमाम आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों को संगठन में शामिल किया है, जिससे आहत होकर वह इस्तीफा देना चाहते हैं. गोटे ने यह भी कहा है कि वह आगामी 19 नवंबर को सदन की सदस्यता से औपचारिक इस्तीफा दे देंगे. हालाँकि अब उन्हें मनाने की कोशिश भी की जा रही है यकीन उनके तेवर को देखते हुए यही कहा जा रहा है कि वे अपने फैसले पर कायम रहने वाले हैं. जानकारों की माने तो विधायक अनिल गोटे के निर्णय से पार्टी को नुकसान उठाना पड़ सकता है. इतना ही नहीं अन्य दूसरे विधायकों तथा पदाधिकारी भी जो इन दोनों खुद को उपेक्षित महसूस कर रहे हैं वह भी भाजपा से खुद को अलग कर सकते हैं.