डेंगू बहुत तेजी से फैल रहा है। शुरूआत में सामान्य-सा लगनेवाला यह बुखार गलत इलाज से जानलेवा साबित हो सकता है। डेंगू होने पर मांसपेशियों और जोड़ों में तेज दर्द, सिर दर्द, आंखों में दर्द, उल्टी, जी मचलना और दस्त जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। इसके साथ ही ये भी कहा जाता है कि डेंगू के मरीज को 100 डिग्री बुखार बना रहता है। पैरासिटामॉल और ग्लूकोज के द्वारा मरीजों का इलाज किया जाता है। मगर हाल ही में दिल्ली के एम्स, सफदरजंग अस्पताल, मैक्स अस्पताल  और भी कई सरकारी अस्पतालों में कुछ एेसे असाधारण केस भी आए हैं, जिसमें डेंगू का शिकार हुए व्यक्ति को बुखार नहीं आया। 


डेंगू के नए लक्षण हैं थकान और कमजोरी 
बेवजह थकान और शरीर में आई कमजोरी की चलते जब मरीज अस्पताल पहुंचता है, तब ब्लड टेस्ट कराने पर उसमें डेंगू बीमारी की पुष्टि हो रही है। इस बारे में मैक्स अस्पताल के डॉ. विवेक कुमार का कहना है कि मरीजों में अगर ल्यूकोपीनिया यानि व्हाइट सेल्स और प्लेटलेट्स में कमी देखी जाए तो बुखार न होने पर भी मरीज को डेंगू जांच करवानी चाहिए। 


रक्तचाप गिरने पर करवाए डेंगू का चेकअप
डॉक्टर्स का कहना है कि यदि किसी इंसान का ब्लड प्रैशर बिना की वजह से कम हो रहा है तो उसको अपना ब्लड टेस्ट जरूर करवाना चाहिए। इसके अलावा जब भी आपको अपने शरीर में कुछ परिवर्तन दिखाई दें तो डॉक्टरी सलाह जरूर लें। 


दिल्ली में तेजी से बढ़ रहा है डेंगू
दिल्ली में डेंगू के मरीजों की संख्या बहुत तेजी से बढ़ रही है। 1 महीने में डेंगू के मरीजों की संख्या 2 हजार पार कर चुकी है। इसी के साथ 1 बच्ची की डेंगू की वजह से मौत भी हुई है।