मध्‍यप्रदेश में खरगोन जिले की सनावद पुलिस ने एक अंधेकत्ल का पर्दाफाश करने में सफलता हासिल की है. इस मामले में पत्नी ने ही अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की निर्मम हत्या की थी. खास बात यह है कि हत्या को दुर्घटना साबित करने के लिए आरोपियों ने गला दबाकर मारने के बाद शव के सिर पर वाहन चढ़ाकर उसे कुचल दिया था, ताकि उसकी शिनाख्‍त न हो सके. अब पत्नी और उसका आशिक सलाखों के पीछे हैं.

सनावद थाना टीआई महेंद्र सिंह भदौरिया ने बताया कि जिला मुख्यालय से 70 किमी दूर सनावद थाना क्षेत्र के बासवा में गत 27 अगस्त को ग्राम बामनगांव में रतन गुर्जर के खेत के पास एक युवक की लाश मिली थी. अज्ञात मृतक एवं अज्ञात आरोपी की तलाश करना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती थी. सनावद पुलिस प्रकरण दर्ज कर करीब 15 जिलों में उस तारीख के आसपास लापता व्यक्तियों की तलाश कर रही थी. इस दौरान पता चला कि धार जिले के पीथमपुर में एक व्‍यक्ति की गुमशुदगी दर्ज हुई थी. उसका नाम लालबहादुर पिता ब्रजभान सिंह विश्वकर्मा था, जो मूल रूप से करवाही जिला सीधी का रहने वाला था और फिलहाल पीथमपुर में रह रहा था.

भदौरिया ने बताया कि शव की शिनाख्‍त के बाद पुलिस को जांच में पता चला कि मृतक लालबहादुर की पत्नी किरण बाई का प्रेम प्रसंग रजनीश नामक व्‍यक्ति से चल रहा था. इसकी जानकारी लालबहादुर को हो गई थी. इस बात को लेकर लालबहादुर एवं किरण बाई के बीच में अकसर विवाद होता था. इसी के चलते किरण बाई और रजनीश ने योजनाबद्ध तरीके से लालबहादुर की हत्या कर उसे मौत के घाट उतार दिया.

रजनीश पेशे से ड्राइवर है. उसे एक वाहन का चेसिस लेकर हैदराबाद जाना था. रजनीश ने शव को चेसिस के कैबिन में रखा और बसवा गांव के आगे रतन गुर्जर के खेत के पास सुनसान जगह के कच्चे रास्ते पर फेंक दिया. उसकी पहचान छुपाने के उद्देश्य से शव के चेहरे व सिर पर गाड़ी का टायर चढ़ा कर उसका मुंह कुचल दिया था. हत्या के बाद रजनीश वाहन को इंदौर से हैदराबाद में डीलर को देने चला गया था.