रायपुर : मंत्री अमर अग्रवाल के बयान 'कांग्रेस कचरा है', पर प्रदेशभर के कांग्रेसी आक्रोशित हैं। जगह-जगह प्रदर्शन जारी है। 18 सितंबर को इसी बयान के विरोध में बिलासपुर स्थित मंत्री बंगले पर कांग्रेसियों ने कचरा फेंका तो पुलिस ने जमकर लाठियां बरसाई। इसके बाद तो कांग्रेस आग बबूला है। गुरुवार को रायपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड और नगर निगम द्वारा आयोजित 3.50 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट का कांग्रेस पार्षदों ने बहिष्कार कर दिया। निगम मुख्यालय के पीछे बनी कैंटीन, बैंक का उद्घाटन करने मंत्री को आना था, लेकिन विरोध के मद्देनजर आनन-फानन में कार्यक्रम रद करना पड़ा। निजी होटल में आयोजन हुआ तो वहां भी कांग्रेसी पार्षद एवं एमआइसी सदस्य एजाज ढेबर और राधेश्याम विभार काले कपड़े पहनकर पहुंच गए। दूसरी तरफ शहर कांग्रेस पदाधिकारी, एमआइसी सदस्य, पार्षदों ने मुख्यालय के सामने जमकर प्रदर्शन किया। भारी पुलिस बल के बावजूद ये ओसियम चौक तक जा पहुंचे। पुलिस और प्रदर्शनकारियों में एक बार फिर जमकर झड़प हुई। कांग्रेसियों को गिरफ्तार कर लिया गया, देर रात मुचलके पर रिहा कर दिया गया।
निजी होटल में निगम प्रशासन ने ताबड़तोड़ कई योजनाओं की लांचिंग करवा दी। इस मौके पर सांसद रमेश बेस, विधायक श्रीचंद सुंदरानी, निगम सभापति प्रफुल्ल विश्वकर्मा, नेता प्रतिपक्ष सूर्यकान्त राठौर समेत पार्षद और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
कार्यक्रम में कैसे हुआ हंगामा- निजी होटल में मंत्री अग्रवाल समेत सांसद रमेश बेस और बड़ी संख्या में भाजपा के पदाधिकारी, नगरीय प्रशासन विभाग के अफसर-कर्मचारी मौजूद थे तभी एमआइसी सदस्य एजाज ढेबर पहुंचे। मंच से निगम आयुक्त रजत बंसल ने कहा- एमआइसी सदस्य मंच पर आइए, आपका स्वागत है। इसके बाद ढेबर ने जोर से चिल्लाना शुरू कर दिया। बोले- कांग्रेसियों पर लाठी चलाने वाले मंत्री के साथ कभी मंच साझा नहीं करूंगा, मंत्री माफी मांगें। सिविल ड्रेस में मौजूद पुलिसवालों ने इन्हें घेर लिया, मंच तक जाने नहीं दिया। कार्यक्रम खत्म हुआ और मंत्री निकल गए।