अटलजी को यूरिन इन्फेक्शन की शिकायत के चलते 11 जून को एम्स में भर्ती किया गया था

 आखिरी बार अटलजी की तस्वीर 2015 में तब सामने आई, जब तत्कालीन राष्ट्रपति प्रणब ने उन्हें भारत रत्न दिया

- 13 साल पहले लिया था सक्रिय राजनीति से संन्यास, मुंबई की रैली में किया था ऐलान

नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को एम्स में भर्ती अटल बिहारी वाजपेयी का हालचाल जानने पहुंचे। उन्हें यूरिन इन्फेक्शन की शिकायत के चलते 11 जून को एम्स में भर्ती किया गया था। वे पिछले 9 साल से बीमार चल रहे हैं। मोदी से पहले केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी भी उनसे मिलने एम्स पहुंचीं। 

 

 

 

लाल किले पर भाषण में मोदी ने अटल को किया था याद : 72वें स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले पर भाषण के दौरान नरेंद्र मोदी ने आज अटल बिहारी वाजपेयी को याद किया। उन्होंने कहा- कश्मीर के मुद्दे का हल निकालते वक्त हम अटलजी के नजरिये पर चलेंगे, जो इंसानियत, कश्मीरियत और जम्हूरियत पर आधारित था।

 

 

 

2009 में तबीयत बिगड़ी, वेंटिलेटर पर रखा गया

- 2009 में वाजपेयी की तबीयत बिगड़ गई। उन्हें सांस लेने में दिक्कत के बाद कई दिन वेंटिलेटर पर रखा गया। हालांकि, बाद में वह ठीक हो गए और उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

- इसके बाद कहा गया कि वाजपेयी लकवे के शिकार हैं। इस वजह से वह किसी से बोलते नहीं थे। बाद में उन्हें स्मृति लोप भी हो गया। उन्होंने लोगों को पहचानना भी बंद कर दिया।