आध्यात्मिक संत भय्यूजी महाराज सुसाइड केस में पुलिस जांच लगभग पूरी होने वाली है. पुलिस जांच में सुसाइड के पीछे पारिवारिक कलह ही सामने आया है. पुलिस आर्थिक स्थिति की भी छानबीन कर रही है. इसके लिए सीए को तलब किया गया है. भय्यू महाराज की कॉल डिटेल में भी सीए के नंबर मिले थे.


उधर, फॉरेंसिक विभाग की टीम ने भय्यू महाराज के सिल्वर स्प्रिंग स्थित घर पहुंचकर बारीकी से छानबीन की. घटना का री-क्रिएशन किया, वहीं सोमवार देर शाम को मिली पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी इस बात का खुलासा हो गया कि भय्यूजी महाराज की मौत गोली लगने से हुई. रिपोर्ट में गोली लगने से पहले किसी तरह का कोई नशीला पदार्थ का सेवन का उल्लेख नहीं हुआ है. हालांकि पुलिस को अब भी हैंड राइटिंग रिपोर्ट का इन्तजार है.


फोरेंसिक टीम ने घटना का नाट्य रूपांतरण करके देखा कि उन्होंने किस तरह खुद को गोली मारी होगी. एफएसएल और पुलिस अफसरों की टीम ने लगातार दो दिन वैज्ञानिक तरीके से छानबीन की. जिस कमरे में भय्यू महाराज ने आत्महत्या की, टीम के सदस्यों ने वहां बारीकी से छानबीन करने के साथ ही उनके कमरे में भी पड़ताल की. टीम के सदस्य ने उस बीन बैग पर बैठकर आत्महत्या की घटना का नाट्य रूपांतरण भी किया.

फॉरेंसिक टीम को जांच में पता चला कि गोली दीवार से टकराकर फर्श पर गिरी थी. पुलिस के मुताबिक पीएम रिपोर्ट भी मिल चुकी है. फिर भी जांच के लिए बिसरा सागर लैब भेजा गया है. फोरेंसिक टीम ने री-क्रिएशन के साथ-साथ भय्यूजी महाराज और कुहू के कमरों में छानबीन के अलावा मामले की वैज्ञानिक तरीके से भी पड़ताल की.

इसके अलावा पुलिस ने ट्रस्ट का काम सम्भालने वाले सीए चोपड़ा को भी तलब किया है. जल्द ही पुलिस अब सीए के भी बयान लेगी, साथ ही, अब तक लिए गए तमाम बयानों को देर रात सीसीटीवी से मिलाया गया, पुलिस को इन सीसीटीवी और बयानों को क्रॉस एक्जामिन करने के दौरान कोई विरोधाभास नहीं मिला. गौरतलब है कि सीसीटीवी और कॉल डिटेल की जांच एक अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रैंक के अधिकारी को सौंपी गई है.