कोलकाता । तटीय सुरक्षा के महत्व को बताने और लोगों को इसके बारे में जागरूक करने के लिए भारतीय नौसेना की 20 पुरुष और महिला अफसरों की टीम जामनगर से कोलकाता पहुंची। सेना ने 21 दिनों में इस 7516 किलोमीटर के सफर को पांच चरणों में पूरा किया। इस टीम के चार प्रमुख सदस्यों ने पूरी दूरी तय की। वहीं अन्य सदस्यों ने रिले के रूप में इसमें भाग लिया। सेना ने इस अभियान में रॉयल एनफील्ड बाइक्स का इस्तेमाल किया और भारतीय समुद्री तटों पर बसे मछुआरों को तटीय सुरक्षा के बारे में जागरूक किया। टीम का नेतृत्व कर रहे गोवा एरिया के फ्लैग अफसर कमांडिंग रियर एडमिरल फिलिपोस जी. पीनोमूतील ने बताया कि यह सफर 10 बाइक पर जामनगर से शुरू हुआ और गोवा, कन्याकुमारी, रामेश्वरम, चेन्नई, पारादीप होते हुए अफसर कोलकाता पहुंचे। हालांकि ग्रुप में एक वक्त में 20 ही लोग शामिल हुए। लेकिन यह अभियान रिले मोड में किया गया और 25 राइडर्स इसमें भाग ले पाए। रास्ते में जो गांव या मछुआरों की बस्तियां पड़ीं, वहां तटिय सुरक्षा के बारे में लोगों को बताया गया। ग्रुप के एक और सदस्य गोवा नेवल एरिया के लेफ्टिनेंट कमांडर रविश चुक ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य फिशिंग कम्यूनिटी के साथ बात करना था, क्योंकि मछुआरों के समुदाय ही फर्स्ट लाइन ऑफ डिफेंस हैं और यह लंबा सफर इसलिए किया गया, ताकि 26/11 जैसी घटनाओं को अवॉइड किया जा सके।