नई दिल्ली: कर्नाटक में दिनभर के सियासी नाटक के बाद आखिरकार गेंद राज्यपाल वजुभाई वाला के पाले में आकर रुकी है. वोटों की गिनती की शुरुआत से रुझानों में भारी उतार चढ़ाव देखने को मिला. शुरुआत में बीजेपी ने बढ़त बनाई, एक बार तो बीजेपी बहुमत से भी आगे निकल गई. इसके बाद दोपहर में आंकड़ों ने पलटी मारी और बीजेपी बहुमत से दूर हो गई. आंकड़ों की उठा पटक के बाद बीजेपी 104, कांग्रेस 78 और जेडीएस 38 सीट पर आकर रुक गए. दो सीटें अन्य यानी निर्दलीय के खाते में गई हैं.


आंकड़ों की रेस के बीच ही बीजेपी और कांग्रेस में सरकार बनाने की होड़ शुरू हो गई. कांग्रेस मे बिना शर्त एचडी कुमार स्वामी की पार्टी जेडीएस को समर्थन देने का एलान कर दिया और कुमार स्वामी को मुख्यमंत्री बनाने की बात कही. कुमारस्वामी ने कहा, "मैंने सरकार बनाने के लिए कांग्रेस का समर्थन स्वीकार किया है."


इसके बाद दोनों ही पार्टियों ने राज्यपाल वजुभाई वाला से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश किया. राज्यपाल से मिलने के बाद बीजेपी के बीएस येदुरप्पा ने कहा कि हम सदन में बहुमत साबित करेंगे. वहीं राज्यपाल से मिकल निकले सिद्धारमैया और कुमार स्वामी ने कहा कि हमारे पास मैजिक नंबर हैं. इससे पहले सिद्धारमैया राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपा.


राज्यपाल के पाले में गेंद, सभी की निगाहें राजभवन पर
फिलहाल कर्नाटक में अब सरकार की गेंद राज्यपाल के पाले में है. एक्सपर्ट्स के मुताबिक यह राज्यपाल पर निर्भर करता है कि वो किसे सरकार बनाने के लिए बुलाएंगे. सूत्रों के मुताबिक राज्यपाल सबसे बड़ी पार्टी यानी बीजेपी को सरकार बनाने का न्योता दे सकते हैं. संविधान विशेषज्ञ सुभाष कश्यप के मुताबिक राज्यपल जो भी फैसला लेंगे वो सही होगा. जिसे भी न्योता मिलेगा उसे सदन में बहुमत साबित करना होगा.


कांग्रेस-बीजेपी के दिग्गजों ने डाला डेरा
स्थिति की गंभीरता को संझते हुए कांग्रेस और बीजेपी दोनों ही पार्टियों के वरिष्ठ नेताओं ने बेंगलुरू में डेरा जमा दिया. कांग्रेस की ओर से गुलाम नबी आजाद, मल्लिकार्जुल खड़गे वीरप्पा मोइली जैसे नेता हैं तो नहीं बीजेपी ने केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर और धर्मेंद्र प्रधान को भेजा है.


कल होगी बीजेपी विधायक दल की बैठक
इस बीच खबर है कि कल बीजेपी विधायक दल की बैठक होगी. इस बैठक में बीएस येदुरप्पा को नेता चुना जाएगा. इसके बाद येदुरप्पा राज्यपाल से मिलकर नेता चुने जाने की जानकारी देंगे और सरकार बनाने का आधिकारिक दावा पेश करेंगे. सूत्रों के हवाले से खबर है कि 17 मई को शपथ ग्रहण हो सकता है.


प्रधानमंत्री का कार्यकर्ताओं को शुक्रिया, विरोधियों पर हमला
दिल्ली में बीजेपी मुख्यालय पर बीजेपी संसदीय दल की बैठक के बाद प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया. प्रधानमंत्री ने विरोधियों पर हमला बोलते हुए कहा, ''कर्नाटक की विजय अभूतपूर्व और असामान्य है. देश में यदि छवि बना दी गई कि भाजपा यानी उत्तर भारत की, हिंदी भाषी पार्टी है. ना गुजरात हिंदी भाषी है, ना महाराष्ट्र हिंदी भाषी है, ना गोवा हिंदी भाषी है, ना असम हिंदी भाषी है, लेकिन एक परसेप्शन बना दिया जाता है. झूठ बोलने वाले लोग बार-बार झूठ फैलाते हैं. इस तरह की विकृत सोच रखने वालों को कर्नाटक की जनता ने बड़ा झटका दिया है.''

प्रधानमंत्री ने वाराणसी हादसे पर दुख जताया
प्रधानमंत्री ने वाराणसी हादसे पर दुख जताते हुए कहा कि एक तरफ कर्नाटक जीत की खुशी है तो दूसरे तरफ मन पर वाराणसी हादसे का बोझ है. प्रधानमंत्री ने कहा, ''मेरे लोकसभा क्षेत्र में एक फ्लाईओवर हादसा होने की वजह से अनेक लोगों दब गए हैं. कई लोगों की मृत्यु हुई है. मुख्यमंत्रीजी और अधिकारियों से भी मेरी बात हुई है. जितनी मदद और राहत दी जा सकती है, वो किया जा रहा है. हिंदुस्तान के किसी भी कोने में इस तरह का हादसा बेचैन बना देता है.''


राहुल गांधी ने कार्यकर्ताओं को धन्यवाद दिया
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी कर्नाटक चुनाव के लिए राज्य की जनता और कार्यकर्ताओं का शुक्रिया अदा किया. राहुल गांधी ने ट्वीट में लिखा, ''इस चुनाव में जिन्होंने वोट किया उन्हें धन्यवाद. हम आपके सहयोग की सराहना करते हैं और हम आपके लिए लड़ेंगे. पार्टी में कठिन श्रम और सहयोग के लिए कार्यकर्ताओं और नेताओं का भी धन्यवाद.''

राहुल गांधी ने लिया जेडीएस को समर्थन का फैसला
सूत्रों के मुताबिक राहुल गांधी ने ही कुमार स्वामी की जेडीएस को समर्थन देने का फैसला किया. राहुल गांधी ने एचडी देवेगौड़ा से फोन पर बात की. इससे पहले राहुल गांधी ने गुलाम नबी आजाद, अशोक गहलोत समेत कई वरिष्ठ नेताओं से इस पर चर्चा की. इस पूरे मामले में सोनिया गांधी की कोई भूमिका नहीं थी जैसा पहले पार्टी सूत्रों से जानकारी निकली थी.


वीआईपी सीट का कुछ ऐसा रहा हाल
दो सीटों पर लड़ने की वजह से बीजेपी के निशाने पर रहे सिद्धारमैया को एक सीट से हार का सामना करना पड़ा. सिद्धारमैया चामुंडेश्वरी से हार गए और बादामी से जीत गए. बीजेपी के सीएम उम्मीदवार बीएस येदुरप्पा शिकारीपुर से चुनाव लड़े. बीएस येदुरप्पा इस सीट से आठवीं बार जीते.


सही साबित हुए एग्जिट पोल
कर्नाट चुनाव को लेकर कुछ एक को छोड़ दें तो ज्यादातर एग्जिट पोल में त्रिशंकु विधानसभा का ही अनुमान लगाया गया था. एबीपी न्यूज़ और सी-वोटर के फाइनल एग्जिट पोल के औसत में बीजेपी को 110, कांग्रेस को 88, जेडीएस को 24 और अन्य को दो सीटें मिलने का अनुमान जताया गया था.