एयर इंडिया के विनिवेश के तहत कंपनी में हिस्सेदारी के लिए प्रारंभिक बोली जमा करने की समय सीमा इसी महीने खत्म हो रही है। इस बीच नागरिक उड्डयन सचिव आरएन चौबे ने बृहस्पतिवार को कहा कि एयर इंडिया की विनिवेश प्रक्रिया में भारी दिलचस्पी देखी जा रही है। कर्ज में डूबी कंपनी एयर इंडिया के प्रस्तावित 76 फीसदी विनिवेश के लिए एक्सप्रेसन ऑफ इंटरेस्ट (ईओआई) जमा करने की आखिरी तारीख 31 मई है।

कंपनियां कर रही हैं पूछताछ

यहां बृहस्पतिवार को शुरू हुए यूएस-इंडिया एविएशन सम्मेलन में चौबे ने कहा कि एयर इंडिया के लिए भारी अभिरुचि देखी जा रही है। उन्होंने हालांकि कहा कि किसी भी अमेरिकी विमानन कंपनी ने एयर इंडिया के लिए औपचारिक अभिरुचि नहीं दिखाई है।


इस विनिवेश में लाभ में चल रही कंपनी एयर इंडिया एक्सप्रेस और एआईसैट्स भी शामिल हैं। एआईसैट्स राष्ट्रीय विमानन कंपनी और सिंगापुर की कंपनी सैट्स लिमिटेड की बराबर हिस्सेदारी वाला संयुक्त उपक्रम है।


15 जून को पता चलेगा योग्य बोलीदाता का नाम

बोली जमा करने की आखिरी तारीख पहले 14 मई थी, जिसे बढ़ाकर 31 मई कर दिया गया है। अब योग्य बोलीदाता की जानकारी 15 जून को मिलेगी, जबकि इससे पहले इसके लिए 29 मई की तारीख तय थी।


सरकार होगी बहुमत शेयरधारक

सरकार ने हालांकि यह स्पष्ट कर दिया है कि विनिवेश के बाद एयर इंडिया में 24 हिस्सेदारी के साथ उसके पास बहुमत शेयरधारक का अधिकार होगा। एयर इंडिया के विनिवेश की प्रक्रिया की शुरुआत में 76 फीसदी हिस्सेदारी के प्रस्तावित विनिवेश और निजी इकाई को प्रबंधन हस्तांतरण पर प्रारंभिक सूचना ज्ञापन 28 मार्च को जारी किया गया था।