दुबई के एक कोर्ट ने चौंकाने वाला फैसला सुनाया है। कोर्ट ने रविवार को दो भारतीयों को करोड़ो डॉलर की धोखाधड़ी करने के जुर्म में 517 साल जेल में कैद की सजा सुनाई। इन दोनों पर लोगों के द्वारा निवेश किए गए 200 मिलियन डॉलर का घोटला करने संबंधित 515 मामले दर्ज किए गए हैं।

क्या है मामला....

भारत के रहने वाले 37 वर्षीय सिडनी लिमोस और उनके अकाउंट स्पेशलिस्ट 25 वर्षीय रियान डिसूजा ने विदेशी मुद्रा व्यापार की कंपनी 'एक्सेंशियल' में 25 हजार डॉलर के निवेश पर 120 प्रतिशत का न्यूनतम सालाना रिटर्न देने का वादा किया था। जिसके बाद कई हजार लोगों ने इस कंपनी में निवेश किया। लिमोस के साथ उनकी पत्नी पर भी गैरकानूनी रूप से सील ऑफीस में घुसने और दस्तावेज ले जाने का आरोप लगा है।


लिमोस की कंपनी ने शुरुआत में लोगों को पैसे दिए लेकिन मार्च 2016 के बाद से उन्हें रिटर्न देना बंद कर दिया। लोगों की शिकायत के बाद दुबई की आर्थिक विभाग ने इस फर्जीवाड़े के लिए कंपनी के दफ्तर पर ताला लगा दिया। गोवा के रहने वाले लिमोस को इससे पहले 2016 दिसंबर में गिरफ्तार किया गया था, लेकिन फिर जमानत पर रिहा कर दिया गया था।


कोर्ट ने इन दोनों पर दर्ज 515 मामलों के लिए 517 साल की सजा सुनाई है। हर मामले के लिए एक साल की सजा सुनाई गई है, जबकि दो मामलों में दो साल की सजा सुनाई है। कोर्ट के इस फैसले के बाद पीड़ितों ने खुशी जाहिर की है। साथ ही पीड़ितों का कहना है कि हमें अपना पैसा वापस पाने की उम्मीद है।