मेघालय विधानसभा चुनाव में कांग्रेस लोगों की पहली पसंद तो बन गई लेकिन बहुमत के आंकड़े से दूर है। सरकार बनाने के लिए कांग्रेस को गठजोड़ के रास्ते को अपनाना पड़ेगा। इसकी कोशिश में पार्टी देर रात से ही लगी हुई है। नतीजों के ऐलान के कुछ घंटों बाद ही कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष विंसेंट पाला और महासचिव सीपी जोशी राज्यपाल से मुलाकात करने पहुंचे। कांग्रेस का दावा है कि वह तय समय में बहुमत सिद्ध करेगी। 

सरकार बनाने की कवायद में जुटी कांग्रेस अपने विधायकों के मन को भी टटोल रही है। इसी कड़ी में उन्होंने उन विधायकों की एक मीटिंग बुलाई है जिन्होंने इन चुनाव में जीत दर्ज की है। पार्टी के विधायकों की यह बैठक 11 बजे होगी। 

नतीजों के बाद बीजेपी की तरफ से भी मेघालय में सरकार बनाने के संकेत दिए थे। संकेत मिलने के बाद कांग्रेस के दिग्गजों ने मेघालय में डेरा डाल लिया है। अहमद पटेल और कमलनाथ मेघालय में ही मौजूद हैं। कांग्रेस मेघालय में गोवा और मणिपुर वाली गलती दोहराने के मूड में नहीं है। 


जानकारी मिल रही है कि कांग्रेस 32 विधायकों के समर्थन के साथ राज्यपाल के पास जाएगी। हालांकि अभी उसके पास 21 विधायक हैं। राज्य में नेशनल पीपुल्स पार्टी के पास 19 विधायक और भाजपा के पास 2 विधायक हैं।