छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के गृह जिले कवर्धा के वनांचल ग्राम सेंदूरखार में एक नाबालिग बैगा लड़की का अर्धमुंडन कराने का मामला सामने आया है. गांव के दबंगों ने इस घटना को अंजाम दिया है. नाबालिग लड़की के साथ सामाजिक नियमों का हवाला देते हुए ये करतूत की गई है.


नाबालिग लड़की के साथ गांव के ही एक युवक ने शराब के नशे में छेड़छाड़ की थी. जिसे लेकर समाज के लोगों ने कड़ी आपत्ति जताई थी, लेकिन इस मामले की शिकायत पुलिस से करने की बजाय जिम्मेदारों द्वारा ये मामला पंचायत के समक्ष रखा गया. इसके बाद समाज के प्रमुखों ने अजीबो-गरीब फरमान सुना दिए.


समाज प्रमुखों ने छेड़छाड़ के आरोपी युवक को सजा देने की बजाय खुद पीड़ित लड़की का चाल चाल चलन ठीक न होने का हवाला दिया.

पंचयात ने बतौर सजा पीड़ित का सिर आधा मुंड़वाने की सजा दे दी. कुछ दिनों तक तो लड़की का पिता इसके लिए राजी नहीं हुआ, लेकिन समाज के डर से उसने पीड़िता का आधा सिर मुड़वा दिया.


पंचायत ने पीड़ित परिवार पर पांच हजार रुपए का अर्थदंड लगाया. इतना ही नहीं पीड़ित परिवार वालों से शराब व मुर्गे की दावत भी ली गई. ईटीवी पर मामले का प्रसारण प्रमुखता से किया गया. इसके बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आया है. संबंधित थाना प्रभारी को गांव भेजकर रिपोर्ट तलब की गई है.