रायपुर। विधानसभा में भाजपा विधायक शिवरतन शर्मा के पकौड़ा बेचने वाले कथनों को कांग्रेस ने शर्मनाक बताया है। विधायक और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल का कहना है कि अगर, पकौड़ा बेचना इतना ही अच्छा है तो क्यों मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह, विधायक शिवरतन शर्मा और भाजपा के अन्य नेता अपने बेटों को इस काम में नहीं लगा देते हैं?

बघेल का कहना है कि प्रधानमंत्री से लेकर छत्तीसगढ़ में भाजपा के विधायकों ने शिक्षित बेरोजगारों का मजाक बना दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ही देश के युवाओं को हर साल दो करोड़ को रोजगार देने का भरोसा दिलाया था। आज पकौड़ा से रोजगार हासिल करने की बात कह रहे हैं।


बघेल का कहना है कि युवा रातभर जगकर पढ़कर पढ़ाई करता है। माता-पिता अपना पेट काटकर बच्चों की फीस जमा करते हैं, तब जाकर युवा इंजीनियर, डॉक्टर बनता है, इनसे प्रधानमंत्री और छत्तीसगढ़ के भाजपा नेता कहते हैं, पकौड़ा बेचो।


बघेल ने यह सवाल भी किया है कि पकौड़ा बनाने में सरकार का क्या योगदान है, जिससे रोजगार की बात कही जा रही है। पकौड़ा तो अशिक्षित, गृहिणियां भी बना लेती हैं, इसमें सरकार का क्या योगदान है?


बघेल का कहना है कि जब युवाओं से पकौड़ा ही बिकवाना है तो अरबों खर्च कर शुरू किए गए इंजीनियरिंग, मेडिकल, एमबीए, आईटीआई जैसे उच्च शिक्षण संस्थानों को बंद कर देना चाहिए। प्रदेश के तीन हजार स्कूल तो सरकार पहले ही बंद करा चुकी है।


कांग्रेस के संचार विभाग के चेयरमेन शैलेश नितिन त्रिवेदी का कहना है कि पकौड़ा को कौशल विकास कार्यक्रम में शामिल करने का विधायक शिवरतन शर्मा का बयान बेरोजगार युवाओं का मजाक उड़ाने वाला है।