छत्तीसगढ़ विधानसभा का बजट सत्र जारी है. सत्र के चाथे दिन गुरुवार को गृहमंत्री के जवाब से विपझ ने सदन से वॉकआउट कर दिया. प्रदेश भर में विभिन्न प्रकरणों में पुलिस द्वारा चालान नहीं पेश कर पाने के मामले में गृहमंत्री रामसेवक पैकरा सदन में घिर गए. कुछ प्रकरणों पर बाद में जवाब देने की बात कही. इसके बाद कांग्रेस ने वॉकआउट कर दिया.


छत्तीसगढ़ विधानसभा का बजट सत्र के चौथे दिन सत्तापक्ष के विधायक अवधेश सिंह चंदेल ने सदन में सवाल उठाए. इसमें पूछा गया कि बेमेतरा में आपराधिक वारदातों के दर्ज प्रकरणों पर तेजी से कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है. बेतेतरा में अब तक 205 प्रकरणों में चालान पेश नहीं किया गया है.


विधायक के सवाल पर गृह मंत्री रामसेवक पैकरा ने सदन में जवाब दिया. गृहमंत्री ने कहा कि इस तरह के प्रकरणो में समय लगता है. मंत्री के जवाब पर सदस्य अंसतुष्ट दिखे. इसके बाद विपक्ष ने हंगामा शुरू कर दिया. विपक्ष ने प्रदेश में पुलिसिया कार्रवाई पर सवाल खड़े किए.


विधायक सियाराम कौशिक ने सदन में नगरीय निकायो को पेयजल आपूर्ति 



के लिए दी गई राशि को लेकर सवाल किए. कौशिक ने कहा कि बिल्हा में पेयजल व्यवस्था ठिक नहीं है. जवाब में पीएचई मंत्री रामसेवक पैकरा ने कहा कि अगर कोई गड़बड़ी हुई है तो पूरे मामले की जांच की जायेगी.


विधायक अमित जोगी ने प्रदेश में गजराज प्रोजेक्ट में व्यय राशि की जानकारी मांगी. वनमंत्री महेश गागड़ा जवाब दिया कि गजराज प्रोजेक्ट की लॉचिंग वित्तीय वर्ष 2015-16 में अब तक 19 करोड़ 84 लाख 45 हजार 491 की राशि व्यय की जा चुकी है.


राज महंत सांवलराम डाहरे ने दुर्ग में 5 साल में महिलाओं के साथ बालात्कार, हत्या के आंकड़े पूछे. इस पर गृह मंत्री ने दिया जवाब दुर्ग में 5 साल में 559 बलात्कार और 64 महिलाओं की हत्या हुई है.