बिलासपुर। बी लिब डिग्रीधारियों के भविष्य पर खतरा मंडराने लगा है। ग्रंथपाल के पद से वंचित रखने राज्य सरकार साजिश कर रही है। सीईओ, धमतरी ने 16 सहायक शिक्षक (पंचायत) को ग्रंथपाल पर पदोन्नति देने का आदेश दिया है, यह पूरी तरह से असंवैधानिक है। रविवार को कोन्हेर गार्डन में बैठक कर बी लिब डिग्रीधारियों ने सरकार पर यह आरोप लगाया है।


शहर के तिलकनगर स्थित कोन्हेर गार्डन में रविवार को जिलेभर से बी लिब डिग्रीधारी बड़ी संख्या में एकजुट हुए। धमतरी सीईओ द्वारा ग्रंथपाल पदोन्नति आदेश को लेकर नाराजगी व्यक्त की। कहा गया कि राज्य सरकार डिग्रीधारी ग्रंथपाल के भविष्य से खिलवाड़ कर नौकरी से बेदखल करने साजिश रच रही है।


गुरुघासीदास विश्वविद्यालय ग्रंथालय विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ.ब्रजेश तिवारी ने कहा कि शासन का यह आदेश पूरी तरह से असंवैधनिक है।


छत्तीसगढ़ पुस्तकालय विज्ञान उपाधिधारक संघ के बैनर तले एकत्र हुए डिग्रीधारियों ने कहा कि धमतरी और महासमुंद के जिला पंचायत में सीईओ द्वारा सहायक शिक्षक पंचायत जो 8 वर्ष की सेवा पूर्ण कर चुके हैं और उनके पास लाइब्रेरी साइंस की डिग्री इन वर्षों में यदि प्राप्त की है तो वह किसी भी संकाय से सहायक शिक्षक के पद पर हो उन्हें ग्रंथपाल के पद पर पदोन्नति दे दी जाएगी।


इस आदेश से आने वाले दिनों में नियमित भर्ती प्रक्रिया की बांट जोह रहे हजारों डिग्रीधारियों के सपनों पर पानी फिर गया है। जिसे लेकर प्रदेशव्यापी आंदोलन करने का निर्णय लिया गया है।