रायपुर। लोक सुराज अभियान के तहत मुख्यमंत्री रमन सिंह जनता से सीधे रू-ब-रू होंगे। अफसरों को सख्त निर्देश हैं कि वह जनशिकायतों का तुरंत निस्तारण करें। यह तय है कि मुख्यमंत्री का औचक दौरा होगा। इसमें कहीं प्रतिकूल परिस्थतियों का सामना न करना पड़े, लिहाजा अफसर भी तत्परता दिखा रहे हैं। अभियान के दौरान अब अधिकारी-कर्मचारी को छुट्टी नहीं मिल पाएगी। अफसर पहले लोगों की समस्या सुनेंगे और उसका समाधान करेंगे। फिर मुख्यमंत्री जनता के द्वार पहुंचेंगे।


अचानक पहुंचेंगे सीएम-


लोक सुराज अभियान के तीसरे चरण में 12 से 31 मार्च तक मुख्यमंत्री हर दस पंचायतों के बीच किसी गांव में हेलिकॉप्टर से उतरेंगे और जनता से मुलाकात कर यह पता करेंगे कि उनकी समस्या पर सरकारी तंत्र कितना संवेदनशील रहा।


भाजपा सरकार पिछले 11 साल से लोक सुराज अभियान चला रही है। पहले इसका नाम ग्राम सुराज अभियान दिया गया था। बाद में इसमें शहरों को भी जोड़ दिया गया और इसका नाम लोक सुराज अभियान किया गया।


पिछले कुछ सालों से यह शिकायत मिल रही थी कि अभियान में मुख्यमंत्री खुद जिन शिकायतों के निपटारे का वादा करते हैं उनका भी बाद में निपटारा नहीं हो पाता है। इसे देखते हुए मुख्यमंत्री ने दो साल से इस अभियान का स्वरूप बदल दिया है। अब पहले समस्याएं सुनी जाती हैं, उनका समाधान किया जाता है, फिर मुख्यमंत्री यह देखने जाते हैं कि जनता समाान से संतुष्ट है या नहीं।


प्रथम चरण में तीन दिन ली जाएंगी शिकायतें -


लोक सुराज अभियान के प्रथम चरण में 12 जनवरी से 14 जनवरी तक तीन दिनों तक जनता की समस्याएं सुनी जाएंगी। इसके लिए प्रदेश के सभी गांवों और नगरीय निकायों में पेटियां लगाई जा रही हैं, जिनका नाम समाधान पेटी रखा गया है। इन पेटियों को आकर्षक बनाने के लिए लोक कलाकारों से इनमें पेंटिंग कराई जा रही है। पेटियों में कोई भी व्यक्ति अपनी समस्या लिखकर डाल सकता है। तीन दिनों के दौरान ऑनलाइन भी शिकायतें दर्ज की जाएंगी। आवेदन भरने के लिए मुख्यालयों में कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई जाएगी। हर आवेदन के लिए पावती दी जाएगी और इसे ऑनलाइन दर्ज किया जाएगा।


दूसरे चरण में होगा निराकरण -


आवेदन मिलने के बाद 15 जनवरी से 11 मार्च तक उनका निराकरण प्रशासनिक स्तर पर किया जाएगा। जो शिकायतें जिला स्तर पर निपटारे के योग्य होंगी, उनका निदान तुरंत कर दिया जाएगा। राज्य स्तर की समस्याओं को राजधानी में संबंधित अफसरों को भेजा जाएगा। प्रमुख योजनाओं में कमियों को दुरूस्त किया जाएगा। जनता से मिले फीडबैक के आार पर समस्याओं के निपटारे के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। समस्याओं के निराकरण की पूरी जानकारी ऑनलाइन दर्ज होगी जिसे संबंधित देख पाएंगे।


तीसरे चरण में पहुंचेंगे सीएम -


12 मार्च से 31 मार्च तक लोक सुराज अभियान के तीसरे चरण में मुख्यमंत्री प्रदेश का दौरा करेंगे। मुख्यमंत्री अचानक किसी भी गांव में उतरेंगे और जनता से मुंलाकात करेंगे। आमतौर पर वे 10 पंचायतों के बीच किसी एक पंचायत में चौपाल लगाएंगे। जहां सीएम उतरेंगे वहां अफसरों को तुरंत दौड़ लगानी पड़ेगी।