भारत में विभिन्न धर्मों के लोग रहते हैं और एक दूसरे के त्यौहारों को हर्षोल्लास के साथ मनाते हैं। इतिहासकार मानते हैं की भारत में ईसाई धर्म का जन्म उपनिवेशवाद की भीड़ के साथ हुआ। वर्तमान समय में बहुत सारे चर्च वास्तुकलाओं को लेकर विख्यात हैं। हर पर्व अौर त्यौहार में फेंगशुई का अपना महत्व होता है। क्रिसमस के दिन अधिकतर लोग अपने घरों में सजावट कर क्रिसमस ट्री रखते हैं। यदि क्रिसमस ट्री की साज-सजावट अौर रख-रखाव में फेंगशुई की कुछ बातों का ध्यान रखा जाए तो शुभ फल प्राप्त होता है। इसके साथ ही घर में सकारात्मक ऊर्जा अौर खुशियों में बढ़ौतरी होती है। जानिए, क्रिसमस ट्री की सजावट अौर रख-रखावट से संबंधित फेंगशुई के कुछ खास टिप्स-

मुख्य द्वार को कार्य या कैरियर का क्षेत्र माना जाता है। इस स्थान को खाली रखना शुभ होता है इसलिए क्रिसमस ट्री को मुख्य द्वार के पास न रखें। जहां पर जल तत्व हो वहां पर क्रीसमस ट्री रखना चाहिए। ऐसा न होने पर इसकी नीले रंग की लाईट से सजावट करनी चाहिए क्योंकि नीले रंग को जल का प्रतीक माना जाता है। 

क्रिसमस ट्री को मुख्य द्वार के दाहिनी ओर वाले कमरे में रखना चाहते हैं तो इसे सहायक क्षेत्र कहा जाता है। इस स्थान पर क्रीसमस ट्री रखने से पूर्व इसकी सफेद रंग से सजावट करना सबसे उत्तम माना जाता है।

घर का ऊपरी दाहिना हिस्सा प्यार और रिश्तों से जुड़ा हुआ माना जाता है। इस स्थान पर क्रिसमस ट्री रखने से घर में प्यार और अपनेपन की भावना में बढ़ौतरी होती है। इस जगह पर रखें क्रिसमस ट्री की लाल या पीले रंग की लाईट से सजावट करें। इस स्थान पर रखें क्रिसमस ट्री की सजावट में भूल कर भी सफेद रंग का उपयोग न करें। 

क्रिसमस ट्री को घर के मध्य भाग में रखना चाहते हैं तो उसकी सजावट के लिए पीले या गोल्डन रंगों का प्रयोग करना शुभ होता है।

संभव हो तो क्रिसमस ट्री को घर की मुख्य बैठक से दूर रखना चाहिए। बैठक के बाहर ट्री रखने से परिवारिक सदस्यों अौर मित्रों के मध्य नोक-झोक हो सकती है।

 क्रिसमस ट्री की सजावट में उन्हीं वस्तुअों का प्रयोग करें जो आपको पसंद हो। इससे जीवन में खुशियां बढ़ती हैं।