मुंबई: सुपरस्टार जॉन अब्राहम के फुटबॉल क्लब नॉर्थ ईस्ट यूनाइटेट एफसी ने पूर्वोत्तर के आठ राज्यों की फुटबॉल प्रतिभाओं को तराशने के मकसद से एक बड़ा कदम उठाते हुए अपनी आवासीय युवा अकादमी का आगाज किया है। इसका नाम सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (सीओई) रखा गया है और इसका संचालन शिलांग से किया जाएगा। अकादमी की ओर से चुने गए बच्चों को पूरे साल प्रशिक्षण, पढ़ाई और प्रतियोगिता के बेहतरीन मौके दिए जाएंगे ताकि भविष्य में मुख्य टीम में चुनने के लिए खेल प्रतिभाओं की कोई कमी ना हो।

सीओई में अंडर 13, अंडर 15 और अंडर 18 श्रेणी के तहत टीमें तैयार की जाएंगी। अकादमी के उदघाटन के मौके पर जॉन अब्राहम ने कहा कि ये एक सपना सच होने जैसा है। मैंने तीन साल पहले जब टीम के लिए बोली लगाई थी, तब मेरा पहला उद्देश्य वहां के प्रतिभाशाली बच्चों के लिए एक आवासीय अकादमी की शुरुआत करना ही थी। हम अपनी पूरी क्षमता के साथ कोशिश करेंगे कि हर प्रतिभाशाली बच्चे को सीखने के भरपूर मौके मिलें, ताकि वे एनईयूएफसी की टीम का हिस्सा बन सके। जॉन ने कहा कि हमने पूर्वोत्तर की बेहतरीन प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए एक सुनियोजित और प्रतिस्पर्धी योजना बना ली है।

हम इसे भारत के फुटबॉल मानचित्र में एक मिसाल बनाकर पेश करना चाहते हैं। इस महत्वाकांक्षी योजना को अमल में लाने में एनईयूएफसी और शिलांग यूनाइटेड एफसी के बीच हुई साझेदारी की अहम भूमिका रही। दोनों टीमें इस इलाके को फुटबॉल के पावरहाउस के तौर पर विकसित करना चाहती हैं। शिलांग यूनाइटेड के मालिक और युवा विकास के साझीदार डॉमिनिक तारियांग ने कहा, हमें एनईयूएफसी के साथ इस शानदार विकास योजना पर काम करने की काफी खुशी है। तारियांग ने जॉन अब्राहम और एनईयूएफसी का शुक्रिया अदा किया, क्योंकि उन्होंने नॉर्थ ईस्ट में फुटबॉल प्रतिभाओं पर इतना भरोसा किया है। तारियांग ने कहा, हमारी साझेदारी से ऐसा जोश जगेगा, जिससे शिलॉन्ग ही नहीं पूरे इलाके में फुटबॉल का जबर्दस्त माहौल बनेगा।